अमरोहा कलेक्ट्रेट पर गरजी भाकियू (शंकर), किसानों की समस्याओं के समाधान को लेकर प्रदर्शन तेज
- bharatvarshsamaach
- Nov 11, 2025
- 2 min read


भारतवर्ष समाचार ब्यूरो
स्थान: अमरोहा, उत्तर प्रदेश
दिनांक: 11 नवम्बर 2025 |
किसानों की बढ़ती बैंकिंग और वित्तीय परेशानियों को लेकर मंगलवार को भारतीय किसान यूनियन (शंकर) ने अमरोहा कलेक्ट्रेट पर जोरदार प्रदर्शन किया।इस दौरान संगठन के कार्यकर्ताओं ने डिप्टी कलेक्टर को एक मांग पत्र सौंपते हुए किसानों की समस्याओं के तत्काल समाधान की मांग की।
किसानों ने बैंकिंग अनियमितताओं पर उठाई आवाज
संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष चौधरी दिवाकर सिंह ने कहा कि उत्तर प्रदेश ग्रामीण बैंक की लगभग 4,600 शाखाओं द्वारा किसान क्रेडिट कार्ड (KCC) धारकों से अनुचित शुल्क वसूल किए जा रहे हैं।उन्होंने आरोप लगाया कि किसानों से अन्य बैंकों की तुलना में अतिरिक्त चार्ज, ऊंची ब्याज दरें और अनावश्यक सर्विस फीस लेकर उनका आर्थिक शोषण किया जा रहा है।
“वित्तीय वर्ष 2024-25 में केसीसी नवीनीकरण के बावजूद किसानों को सब्सिडी नहीं मिली।बैंक की सर्वर समस्या, एक मोबाइल नंबर पर कई खातों की दिक्कत और ई-केवाईसी में देरी से किसान परेशान हैं।समय पर कार्ड नवीनीकरण करने के बावजूद किसानों की सिविल स्कोर खराब हो रही है।”— चौधरी दिवाकर सिंह, राष्ट्रीय अध्यक्ष, भाकियू (शंकर)
किसान क्रेडिट कार्ड से जुड़ी प्रमुख शिकायतें
भाकियू (शंकर) के नेताओं ने अपने ज्ञापन में कहा कि —
केसीसी नवीनीकरण पर बार-बार चार्ज वसूले जा रहे हैं।
समय पर रिन्युअल के बावजूद खातों को ओवरड्यू दिखाया जा रहा है, जिससे किसानों की सिविल स्कोर खराब हो रही है।
ग्रामीण बैंक में बचत खातों पर अनावश्यक न्यूनतम बैलेंस चार्ज काटे जा रहे हैं।
किसानों के खातों पर SMS और ट्रांजैक्शन चार्ज दूसरी बैंकों से अधिक वसूले जा रहे हैं।
बैंकों द्वारा प्राइवेट बीमा योजनाएँ जबरन थोपी जा रही हैं, जबकि किसानों ने इसका विरोध किया है।
किसानों की प्रमुख मांगें
किसान क्रेडिट कार्ड की सीमा को 3 लाख से बढ़ाकर 5 लाख रुपये किया जाए।
पुराने केसीसी कार्ड पर नवीनीकरण शुल्क न लिया जाए।
किसानों की सिविल रिपोर्ट में सुधार किया जाए ताकि वे अन्य वित्तीय संस्थानों से लाभ ले सकें।
2 लाख तक के केसीसी पर एनईसी या भूमि बंधक की शर्त समाप्त की जाए।
बैंकिंग सेवाओं में पारदर्शिता लाई जाए और किसानों से सम्मानजनक व्यवहार किया जाए।
नेताओं ने दी चेतावनी
भाकियू (शंकर) नेताओं ने कहा कि अगर किसानों की समस्याओं का स्थायी समाधान जल्द नहीं किया गया तो संगठन व्यापक आंदोलन छेड़ेगा।
“किसानों का आर्थिक शोषण अब बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।यदि सरकार और बैंक प्रबंधन ने ध्यान नहीं दिया तो धरना-प्रदर्शन और आंदोलन की राह अपनाई जाएगी।”— चौधरी दिवाकर सिंह, राष्ट्रीय अध्यक्ष, भाकियू (शंकर)
सैकड़ों किसानों ने किया प्रदर्शन में भाग
इस मौके पर चौधरी धर्मवीर सिंह, विक्रम पंवार, हरि सिंह प्रधान, नेमपाल सिंह, राकेश रतनपुर, मोनू अख़तब, शकील अहमद, राजवीर सिंह, अमित, राजकुमार, नेपाल सिंह, वीरपाल सिंह, मनोज, दीपक, जयदेव, भगवान दास, रामचंद्र सिंह, यशपाल सिंह, श्रीराम, मदन सिंह, वीर सिंह, शिवस्वरूप सिंह, जयदेव और भूरे सिंह सहित सैकड़ों किसान कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
⸻
भारतवर्ष समाचार ब्यूरो
संपर्क: 9410001283
वेबसाइट: www.bharatvarshsamachar.org

















Comments